आखिर क्यूँ होती है पुलिस की वर्दी खाकी रंग की? Khabridada.com पर जानिये विस्तार से

आखिर क्यूँ होती है पुलिस की वर्दी खाकी रंग की? Khabridada.com पर जानिये विस्तार से

पुलिस का नाम लेते ही हमारे जेहन में खाकी पहने जवान का अक्स आ जाता है. आये भी क्यों नहीं, हमने बचपन से पुलिस को खाकी पहने जो देखा है. लेकिन क्या आप जान...

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पुलिस का नाम लेते ही हमारे जेहन में खाकी पहने जवान का अक्स आ जाता है. आये भी क्यों नहीं, हमने बचपन से पुलिस को खाकी पहने जो देखा है. लेकिन क्या आप जानते हैं की पुलिस की ड्रैस का रंग खाकी क्यूँ होता है?

पुलिस हमारी क़ानून व्यवस्था का एक ख़ास अंग है. आमजन की सुरक्षा में तैनात पुलिस की पहचान ही है खाकी. आइये आज हम आपको बताते है की कैसे पुलिस वर्दी या यूनिफार्म की शुरुआत हुई थी और इसका खाकी होने का क्या कारण था?

अंग्रेजों के समय पुलिस की वर्दी का रंग सफ़ेद होता था. परन्तु लम्बे समय तक ड्यूटी पर रहने के कारण उनकी वर्दी गन्दी हो जाती थी, जिस वजह से पुलिसकर्मी परेशान हो जाते थे. वर्दी का मैलापन छुपाने के लिए पुलिस कर्मियों ने इसका तोड़ निकाला और वर्दी को अलग-अलग रंगों में रंगना शुरू कर दिया. जिस वजह से उनकी वर्दी विभिन्न रंगों में दिखाई देने लगी. लाल-नीली, हरी या फिर अन्य रंगों में रंगी वर्दी पहने पुलिस जवान जहाँ तहां दिखाई देने लगे. इससे डिपार्टमेंट के अलावा आम लोगों को भी बड़ी मुश्किल होने लगी.

बस इसी से परेशान होकर बड़े अफसरों ने ख़ाक रंग की डाई तैयार करवाई. ख़ाक का हिंदी में अर्थ होता है गन्दी मिट्टी का रंग. ख़ाक या खाकी रंग भूरे रंग और हलके पीले रंग को मिलकर बनाया जाता था. तब से ही पुलिस की वर्दी में खाकी रंग दिखाई देने लगा. खाकी रंग, जो अपराधियों में दहशत पैदा कर दे और असहाय या मुसीबत में फंसे व्यक्ति में हौंसला पैदा कर दे.

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