डोकलाम विवाद पर भारत की बड़ी रणनीतिक जीत, 72 दिन बाद डोकलाम से हटेगी सेना

आखिरकार पिछले ढाई महीने से चल रहे डोकलाम विवाद को भूलते हुए भारत और चीन की सेना ने डोकलाम से पीछे हटने का फैसला लिया है. जून में शुरू हुए डोकलाम विवाद...

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आखिरकार पिछले ढाई महीने से चल रहे डोकलाम विवाद को भूलते हुए भारत और चीन की सेना ने डोकलाम से पीछे हटने का फैसला लिया है. जून में शुरू हुए डोकलाम विवाद पर 72 दिन बाद भारत और चीन अपनी-अपनी सेनाएं हटाने को राजी हो गए हैं. भारतीय विदेश मंत्रालय ने बयान जारी करके यह जानकारी दी है. हालांकि चीन की ओर से कहा गया है कि सिर्फ भारतीय जवान पीछे हटे हैं. उसके सैनिक इलाके में पेट्रोलिंग करते रहेंगे.

सोमवार को विदेश मंत्रालय की ओर से बयान में कहा गया है कि दोनों देशों ने इस मुद्दे पर लगातार बात की है, जिसके बाद इस पर फैसला लिया गया है. उन्होंने बताया कि विवाद के बाद भी पिछले कई दिनों से दोनों देशों के बीच इस मुद्दे को सुलझाने पर बात चल रही थी. दोनों देश की सेना अब धीरे-धीरे अपनी सेना हटाएगी. दोनों देशों की सेना पीछे हटना शुरू भी हो गई है.

क्या है डोकलाम विवाद?

गौरतलब है कि सिक्किम सीमा सेक्टर के पास डोकलाम में भारत और चीनी सेना दो महीने से भी ज्यादा समय से आमने-सामने है. यह गतिरोध तब शुरू हुआ जब इस इलाके में चीनी सेना द्वारा किए जाने वाले सड़क निर्माण कार्य को भारतीय सैनिकों ने रोक दिया.

भारत की चिंता यह है कि अगर चीन डोकलाम में सड़क बनाने में कामयाब रहता है तो उसके लिए कभी भी उत्तर-पूर्व के हिस्से तक शेष भारत की पहुंच को रोक देना आसान हो जाएगा. डोकलाम इलाके को भूटान अपना मानता है, लेकिन चीन का दावा है कि यह उसके क्षेत्र में आता है.

 

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