20 जुलाई से होने जा रहा अनिश्चितकालीन चक्का जाम, पहले ही कर लें जरूरी चीजों का बंदोबस्त

20 जुलाई से होने जा रहा अनिश्चितकालीन चक्का जाम, पहले ही कर लें जरूरी चीजों का बंदोबस्त

अपनी मांगों को लेकर ट्रक ऑपरेटर्स ने 20 जुलाई से देशभर में अनिश्चितकालीन चक्का जाम करने की तैयारी कर ली है. दावा किया जा रहा है की इस हड़ताल में देश के...

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अपनी मांगों को लेकर ट्रक ऑपरेटर्स ने 20 जुलाई से देशभर में अनिश्चितकालीन चक्का जाम करने की तैयारी कर ली है. दावा किया जा रहा है की इस हड़ताल में देश के सभी ट्रांसपोर्टर्स शामिल होंगे. इनकी मांगो में मुख्यतया टोल वसूली और डीजल के दामों में तत्काल लगाम लगाने की मांग शामिल है. ट्रांसपोर्टर्स का कहना है की इस हड़ताल में देशभर में लगभग 95 लाख ट्रकों का तब तक चक्का जाम रहेगा जब तक उनकी मांगे नहीं मानी जाती.

ऑल इंडिया मोटस ट्रांस्पोर्ट कांग्रेस के अध्यक्ष एचके मित्तल ने कहा की दिनोंदिन बढती जा रही डीजल की कीमतें और टोल वसूली में सरकार की हो रही मनमानी से अब ट्रांसपोर्टर्स के लिए अपना कारोबार चलाना भी मुश्किल होता जा रहा है. उनका कहना है की देश भर में ट्रांस्पोटर्स को टोल बैरियर से मुक्त किया जाए. इसके साथ ही आये दिन डीजल के दामों में उतार चढ़ाव से भी काफी मुश्किल होती है. ट्रांस्पोटर्स की मांग है कि डीजल की कीमतों में कटौती हो और कम से कम तीन महीने में एक बार ही डीजल के दामों में कोई बदलाव किया जाए.

ट्रांसपोर्टर के अनुसार ट्रक ऑपरेटर रोड टैक्स और कॉमर्शियल टैक्स पहले ही सरकार को देते है लेकिन फिर भी उनसे देश भर में टैक्स वसूली की जाती है. पिछले कुछ समय से टोल टैक्स के रेतों में बहुत अधिक बढौतरी की वजह से हमारा कारोबार डूबने की कगार पर आ गया है. इसके अलावा टोल बैरियर पर उन्हें कई-कई घंटे तक लाइन में खड़े रहना पड़ता है जिसकी वजह से समय पर माल पहुंचाना बहुत ही मुश्किल काम हो गया है.

ट्रांसपोर्टर्स की इस हड़ताल से आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई पर असर पड़ेगा. हालाँकि, ट्रांसपोर्टर्स ने हड़ताल के दौरान दूध, फल ,सब्जी व दवाओं के ट्रकों को हड़ताल के दौरान भी चलाए जाने की बात कही है. लेकिन फिर भी रोजमर्रा की चीजों की सप्लाई बाधित हो जाने से उनकी उपलब्धता पर असर पड़ेगा और निश्चित ही इनकी कीमतें भी प्रभावित हो सकती है.

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