कड़ी सुरक्षा के बीच कुलभूषण जाधव से मिली माँ और पत्नी, पाक ने कहा- ये अंतिम मुलाक़ात नहीं होगी

कड़ी सुरक्षा के बीच कुलभूषण जाधव से मिली माँ और पत्नी, पाक ने कहा- ये अंतिम मुलाक़ात नहीं होगी

आखिरकार 21 महीनों के लम्बे इंतज़ार के बाद कुलभूषण जाधव अपनी माँ और पत्नी से आज पाकिस्तान विदेश मंत्रालय में रु-ब-रु हुए. बीच में शीशे की दीवार के दोनो...

नाबालिग रेप मामला: उम्रकैद की सज़ा सुनते ही सिर पकड़कर रो पड़ा आसुमल, जानिए आसाराम की पूरी कहानी
J&K: WhatsApp और Facebook चलाने के लिए कराना होगा रजिस्ट्रेशन, नहीं तो हो जाएगी जेल
आधार इफेक्ट: कभी भी बंद हो सकते हैं 50 करोड़ मोबाइल नंबर, सबसे अधिक Jio को होगा नुकसान

आखिरकार 21 महीनों के लम्बे इंतज़ार के बाद कुलभूषण जाधव अपनी माँ और पत्नी से आज पाकिस्तान विदेश मंत्रालय में रु-ब-रु हुए. बीच में शीशे की दीवार के दोनों ओर करीब 40 मिनट तक चली इनकी मुलाक़ात के ख़त्म होने के बाद दोनों भारतीय दूतावास पहुंची. माँ और पत्नी से मुलाक़ात के बाद कुलभूषण जाधव ने पाकिस्तान सरकार को धन्यवाद कहा है.

पाकिस्तान की जेल में कथित रूप से जासूसी के आरोप में फांसी की सजा भुगत रहे जाधव की मुलाक़ात को लेकर पाकिस्तान ने विदेश मंत्रालय और आस-पास के इलाके में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी. सुरक्षा की दृष्टि से एअरपोर्ट से लेकर विदेश मंत्रालय तक ट्रैफिक भी रोक दिया गया था. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के बाहर मीडियाकर्मियों का जमावड़ा लगा हुआ था. पाकिस्तान सरकार द्वारा इस मुलाक़ात की विडियो रिकॉर्डिंग भी की गयी थी जिसे बाद में रिलीज़ कर दिया गया. सूत्रों के अनुसार उनकी मुलाक़ात के लिए 30 मिनट का वक्त तय था हालाँकि पाकिस्तान ने करीब 10 मिनट का अतिरिक्त समय भी दिया.

सुरक्षा के मद्देनज़र पाकिस्तान सरकार ने रेंजरों, आतंकवाद विरोधी दस्ते और तेज निशानेबाजों को आसपास के इलाके में तैनात किया हुआ था. मीडिया और सुरक्षा अधिकारीयों के अलावा एअरपोर्ट से विदेश मंत्रालय तक ट्रैफिक बंद करने के अलावा परिंदा भी पर ना मर सके ऐसी सुरक्षा व्यवस्था की थी. अभी हाल ही में पाक मीडिया की ओर से मुलाक़ात के मद्देनज़र आतंकी हमले की आशंका व्यक्त की गयी थी.

आपको बताते चलें की मुंबई के रहने वाले भारतीय व्यापारी कुलभूषण जाधव को करीब 21 महीने पहले मार्च 2016 में पाकिस्तान द्वारा गिरफ्तार किया गया था. उनकी गिरफ्तारी के बाद अपने परिवार के साथ यह उनकी पहली मुलाक़ात है. पाकिस्तान द्वारा जाधव को जासूसी के आरोप में फंसी की सजा सुनाई गयी है, इस मामले को भारत द्वारा अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय में भी उठाया गया. भारत सरकार के दबाव के बाद पाक सरकार ने जाधव को अपने परिवार से मिलने की इजाजत दी थी. इधर पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय प्रवक्ता मुहम्मद फैज़ल की ओर से कहा गया है कि जाधव की जान को तत्काल खतरा नहीं है. उनकी दया याचिका पर निर्णय लिए जाने तक उनको फांसी नहीं दी जाएगी.

COMMENTS