जब छोटे बच्चे रोते है तो उनके आंसू क्यों नहीं आते, जानिए इसके पीछे का रोचक कारण

जब छोटे बच्चे रोते है तो उनके आंसू क्यों नहीं आते, जानिए इसके पीछे का रोचक कारण

हम अक्सर ये देखते है कि बच्‍चा थोड़ा सा भी अगर परेशान हो जाए तो रो-रोके चेहरा लाल कर देता है. हम हर बार बच्‍चें को रोने को भूख लगना समझ लेते है. लेकिन...

नहीं चलेगी स्कूलों की मनमानी, सरकार ने किया नियमों में बड़ा बदलाव
हरियाणा: नगर निकाय चुनावों में बीजेपी की बम्पर जीत, पांचों सीटों पर किया क्लीन स्वीप
महानायक अमिताभ बच्चन ने किया हॉर्लिक्स के विज्ञापन से इनकार, कहा- बच्चों के लिए है नुकसानदायक

हम अक्सर ये देखते है कि बच्‍चा थोड़ा सा भी अगर परेशान हो जाए तो रो-रोके चेहरा लाल कर देता है. हम हर बार बच्‍चें को रोने को भूख लगना समझ लेते है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि कभी-कभी बच्चे अटैंशन पाने के लिए भी रोने लग जाते है. कई बार हम जब बच्चे को रोते हुए देखते है तो क्या आपने कभी इस बात पर गौर किया है की नवजात बच्चे जब रोते हैं तो उनके चेहरे पर कभी भी एक आंसू तक नहीं आता.आंसू

वैसे तो ये बात गौर करने वाली है लेकिन कभी आपने सोचा है कि ऐसा क्‍यों होता है लेकिन वहीँ अगर बड़े रोने लगे तो आंखों से आंसू झर-झर करके गिरने लगते है. वहीं नवजात शिशु के चेहरे पर आंसू का नामो-निशान नहीं होता है, आइए जानते है इसका कारण.

एक रिपोर्ट के अनुसार 3 महीने से ज्यादा उम्र के नवजात या आम वयस्क इंसानों में आंसू के लिए एक टियर डक्‍ट होता है. आपको जानकर हैरानी होगी की बादाम के दाने जितनी आकार के ये टियर-डक्‍ट ही ऐसा तरल पदार्थ छोड़ते हैं जो आंसू के रूप में शरीर से बाहर आते है. हमारी आँखों से आंसू निकलना हमारी सेहत के लिए फायदेमंद होता है.

दरअसल, आंसुओं के निकलने की पूरी प्रक्रिया एक ड्रेनेज-सिस्टम की तरह काम करती है. ये Tear-duct हमारी आंख के कोने पर नाक के अंदरूनी सिरों को छूते हुए इस तरह व्यवस्थित होते हैं कि जैसे ही आंख में धूल पड़ती है या कीड़े-मकोड़े गिर जाते है या हल्‍की सी चोट लगने पर, तत्काल इससे आंसुओं का स्‍त्राव शुरू हो जाता है, Tear Duct (टियर डक्ट) में लैक्रिमल ग्लैंड (Lacrimal Gland) होते है जो आंसू बनाने का काम करते हैं. ये लैक्रिमल ग्लैंड, बादाम के आकार की दो थैलियां सी होती हैं. ये हमारी भौंहों के ठीक नीचे और थोड़ा सा बाहर की तरफ स्थित होती है.आंसू

नवजात बच्चों के जन्म के आरंभिक दो या 3 हफ्तों तक आंखों में लैक्रिमल ग्लैंड्स से आँखों तक आंसू लाने वाले डक्ट्स पूरी तरह से विकसित नहीं हुए होते है, यही वजह है कि नवजात बच्‍चें चाहे कितना ही क्‍यों न रोना या चिल्‍लाना मचा ले, लेकिन उनकी आवाज पूरे जोर से आती है, लेकिन आंसू नहीं आते है. चाइल्ड एक्‍पर्ट के अनुसार कई नवजात बच्चों में Tear-duct के विकसित होने में 1 से 2 महीने तक लग जाते हैं.