महाशिवरात्रि के दिन ऐसा हो भोजन, सेहत के साथ होगी भगवान भोलेनाथ की कृपा

महाशिवरात्रि के दिन ऐसा हो भोजन, सेहत के साथ होगी भगवान भोलेनाथ की कृपा

महा शिवरात्रि के पावन पर्व पर भक्तजन देवाधिदेव का व्रत करते है. ऐसे में उनके सामने सबसे बड़ी दुविधा होती है भोजन को लेकर की इस दिन क्या खाये, क्या ना ख...

विंग कमांडर अभिनंदन की तस्वीर फेसबुक से हटाने के निर्देश, चुनाव आयोग की सोशल मीडिया पर नज़र
JK: पत्थरबाजों से निपटने के लिए पुलिस ने निकाली नई तरकीब, झट से दबोच लिए सरगना और उनके साथी
विकराल रूप धारण करती जा रही घग्घर नदी, खतरे के निशान से ऊपर पहुंचा पानी- लोगों में दहशत

महा शिवरात्रि के पावन पर्व पर भक्तजन देवाधिदेव का व्रत करते है. ऐसे में उनके सामने सबसे बड़ी दुविधा होती है भोजन को लेकर की इस दिन क्या खाये, क्या ना खाएं? शास्त्रों के अनुसार कहा जाता है की भक्त इस बात का ख्याल रखें कि भगवान शंकर पर चढ़ाया गया नैवेद्य खाना निषिद्ध है. ऐसी मान्यता है कि जो इस नैवेद्य को खाता है, वह नरक के दुखों का भोग करता है. इस कष्ट के निवारण के लिए शिव की मूर्ति के पास शालीग्राम की मूर्ति का रहना अनिवार्य है. यदि शिव की मूर्ति के पास शालीग्राम हो, तो नैवेद्य खाने का कोई दोष नहीं है.vart me kya naa khayen

आपको बता दें की व्रत के व्यंजनों में सामान्य नमक के स्थान पर सेंधा नमक का प्रयोग करते हैं और लाल मिर्च की जगह काली मिर्च का प्रयोग करते हैं. कुछ लोग व्रत में मूंगफली का उपयोग भी नहीं करते हैं. ऐसी स्थिति में आप मूंगफली को सामग्री में से हटा सकते हैं. व्रत में यदि कुछ नमकीन खाने की इच्छा हो, तो आप सिंघाड़े या कुट्टू के आटे के पकौड़े बना सकते हैं.

व्रत के दिन आलू सिंघाड़ा, दही बड़ा भी खा सकते हैं. सूखे दही बड़े भी खाने में स्वादिष्ट लगते हैं. तो, जितने आपको सूखे दही बड़े खाने हों उतने दही बड़े सूखे रख लीजिए और जितने दही में डुबाने हों दही में डुबो लीजिये. इस दिन साबूदाना भी खाया जाता है. साबूदाना में कार्बोहाइड्रेट प्रचुर मात्रा में होता है और इसमें कुछ मात्रा में कैल्शियम व विटामिन सी भी होता है. इसका उपयोग अधिकतर पापड़, खीर और खिचड़ी बनाने में होता है. व्रतधारी इसका खीर अथवा खिचड़ी बना कर उपयोग कर सकते हैं.vart me kya naa khayen

आपको बता दें की साबूदाना दो प्रकार का होता है, जिनमें एक बड़ा होता है जबकि दूसरा छोटा. यदि आप बड़ा साबूदाना प्रयोग कर रहे हैं तो इसे एक घंटे की बजाए कम से कम आठ घंटे तक भिगोकर रखें. छोटे आकार के साबूदाने आपस में हल्के से चिपके चिपके रहते हैं लेकिन बड़े साबूदाने का पकवान ज्यादा स्वादिष्ट होता है. यदि आप उपवास के लिए साबूदाने की खिचड़ी बनाते हुए उसमें नमक सा स्वाद पाना चाहते हैं तो उसमें सामान्य नमक की जगह सेंधा नमक का प्रयोग करें.

COMMENTS